भारतीय संविधान के विदेशी स्त्रोत


भारतीय संविधान के विदेशी स्त्रोत (Jource of Indian Constitution) :
भारतीय संविधान के अद्वितीय होने का कारण है कि इसके निर्माण में विश्व के कई देशों के संविधानों का सहारा लिया गया। हमारे संविधान निर्माता सभी ज्ञात शासन–विधाओं के कार्यकरण से प्राप्त अनुभवों को अपने संविधान में संजोना चाहते थे। सनद रहे कि अन्य देशों के संविधानों से विभिन्न प्रावधानों को ग्रहरण करना किसी नकलची मानसिकता का परिचायक नहीं है। बल्कि इसका उद्देश्य भारतीय परिप्रेक्ष्य, समस्याओं और आकांक्षाओं की पूर्ति करने वाले विश्व के सर्वोत्तम संवैधानिक प्रावधानों को ग्रहण करना था।

हमारे संविधान के मूल अधिकार और सर्वोच्च न्यायालय संबंधी व्यवस्थाओं पर संयुक्त राज्य अमेरिका का, राज्य की नीति निदेशक तत्वों पर आयरलैंड का, आपातकालीन व्यवस्थाओं पर जर्मनी का, विधायी शक्तियों के वितरण पर कनाडा का तथा संसदीय संस्थाओं पर ब्रिटेन का स्पष्ट प्रभाव दृष्टिगोचर होता है।

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इनके अतिरिक्त, भारतीय संविधान निर्माताओं ने भारतीय शासन अधिनियम, 1935 के बहुत से प्रावधानों के शब्दश: ले लिया गया था। 1935 के अधिनियम के प्रमुख प्रावधानों में संघ तथा राज्यों के मध्य शक्तियां का विभाजन, राष्ट्रपति की आपातकालीन शक्तियां, अपसंख्यक वर्गों के हितों की रक्षा, उच्चतम न्यायालय का अधीनस्थ न्यायालयों पर नियंत्रण, संघ का राज्य के शासन में हस्तक्षेप, द्विसदनी विधायिका आदि सम्मिलित हैं।

भारतीय संविधान के विदेशी स्त्रोतों विवरण निम्न प्रकार से है–
देश ग्रहण किये गये प्रावधान
यूनाइटेड किंगडम सांकेतिक प्रमुख राष्ट्रपति (जैसा कि ब्रिटेन में सम्राजी की स्थिति)
विधि के शासन का अधिकार
कानून निर्माण की विधि
मंत्रियों की कैबिनेट प्रणाली
प्रधानमंत्री का पद
सरकार का संसदीय स्वरूप
द्विसदनीय विधायिका
एकल नागरिकता
निम्न सदन अधिक शक्तिशाली
मंत्रिपरिषद् निम्न सदन के प्रति उत्तरदायी
लोकसभा अध्यक्ष की शक्तियां और उसकी भूमिका
सर्वाधिक मत के आधार पर चुनावों में जीत का निर्णय (फर्स्ट पास्ट द पोस्ट सिस्टम)
संयुक्त राज्य अमेरिका (USA) लिखित संविधान
प्रस्तावना
मूल अधिकार
राष्ट्रपति की स्थिति राज्य के कार्यकारी प्रमुख और सशस्त्र बलों के सर्वोच्च सेनापति के रूप में
राज्यसभा के पदेन अध्यक्ष के रूप में उप राष्ट्रपति
राज्यों से संबंधित प्रावधान
राष्ट्रपति पर महाभियोग
उच्चतम न्यायालय
न्यायपालिका की स्वतंत्रता और न्यायिक समीक्षा की शक्ति
उच्चतम न्यायालय और उच्च न्यायालय के न्यायाधीशों की पदच्युत
USSR मूल कर्तव्य
प्रस्तावना में न्याय (सामाजिक, आर्थिक एवं राजनीतिक) का आदर्
आॅस्ट्रेलिया समवर्ती सूची का प्रावधान
प्रस्तावना की भाषा
व्यापार, वाणिज्य और समागम संबंधी प्रावधान
जापान विधि द्वारा स्थापित प्रक्रिया
वह विधि जिसके आधार पर उच्चतम न्यायालय कार्य करता है।
जर्मनी का वाईमर गणराज्य आपात काल के दौरान मूल अधिकारों का निलंबन
कनाडा एक मजबूत केंद्र के साथ संघीय योजना
केंद्र और राज्यों के बीच शक्तियों का वितरण
अवशिष्ट शक्तियां केंद्र में निहित
आयरलैंड राज्यों के नीति निदेशक तत्वों की अवधारणा (आयरलैंड ने यह अवधारणा स्पेन से ग्रहण की)
राष्ट्रपति की निर्वाचन की विधि
राष्ट्रपति द्वारा राज्यसभा में सदस्यों का नामांकन
फ्रांस गणतंत्रात्मक शासन प्रणाली
दक्षिण अफ्रीका संविधान संशोधन की प्रक्रिया

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